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WarShip को समुद्र का अभेद किला कहां जाता है । फिर Moskva क्यों डूब गया ?

 

Moskva काले सागर में गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त होने के बाद डूब गया । Russia का काफी बड़ा युद्धपोत Moskva था । यह युद्ध को परमाणु हमला करने में सक्षम था । यह कहा जा सकता है कि यह Russia का एक ऐतिहासिक युद्धपोत था । इस युद्धपोत का वजन बारह हजार चार सौ नब्बे टन बताया जाता है । मीडिया रिपोर्ट के अनुसार moskva एक्स लावा क्लास का युद्धक जहाज था जो कि रूस की एक्टिव प्लीट का सबसे सुरक्षित माने जाने वाला War Ship था ये जहाँ ट्रिपल टीआर एयर डिफेंस सिस्टम से लैस था । मीडियम और शॉर्ट रेंज चिकन क्षमताओं के अतिरिक्त ये छह शॉर्ट रेंज क्लोज इन वेपन सिस्टम को इस्तेमाल कर सकता है । Moskva पर तीन सौ साठ डिग्री ऍम डिफरेंस का वृज होनी चाहिए थी । वो कहते हैं कि क्लोज इन वेपन सिस्टम एक मिनट में पांच हजार राउंड फायर कर सकता है जो कि इस युद्धपोत के चारों और एक तरह का रक्षा कवच बना सकता है ।

यूक्रेन पर हमले के बाद रूस ने अपना ये दूसरा बडा जहाज खोया है इस जहाज के डूबने की बात तक रूस और यूक्रेन सहमत हैं लेकिन इसकी वजहों को लेकर दोनों में मतभेद है । रूसी रक्षा मंत्रालय ने कहा है कि जहाज पर रखे गए गोला बारूद में आग लग गए और युद्धपोत को नुकसान पहुंचा और वह बंदरगाह ले जाते वक्त डूब गया ।

वहीं यूक्रेन का दावा है कि उसके नेपच्यून मिसाइल ने पोत को नुकसान पहुंचाया और फिर डूबो दिया । यूक्रेनी अधिकारियों ने फेसबुक पर लिखे एक पोस्ट में बताया है कि युद्धपोत पर हो रहे विस्फोट और खराब मौसम के कारण युद्धपोत के चालक दल के सदस्यों को वहाँ से निकालने में काफी मुश्किलें हुई । रूस में नौसैनिकों का एक वीडियो फुटेज जारी किया जिसमें उसके अनुसार चालक दल के लोग शामिल थे जो एक परेड में हिस्सा ले रहे थे । रूस के अनुसार युद्धपोत पर सवार लोग बचा लिए गए थे ।

मुस्तफा नाम का युद्धपोत मूलता सोवियत संघ के जमाने में तैयार हुआ था और अस्सी के दशक से ये काम कर रहा है । में क्राइमिया के रूस के कब्जे में आने के बाद काली सागर में रूसी सेना का दबदबा रहा है । मौजूदा संघर्ष में भी इस से यूक्रेन में कहीं भी मिसाइल दागी गई है और मारियो पोल को कब्जे में लेने के प्रयासों में भी इसका बडा महत्व रहा है ।

पूर्व में इस युद्धपोत को सीरिया के संघर्ष में भी तैनात किया गया था जहां उसमें सीरिया में मौजूद रूसी सेना को नौसैनिक सुरक्षा प्रदान की थी । दावा किया जाता है कि इस युद्धपोत पर कथित तौर पर सोलह वल्कन एंटीशिप मिसाइलों के अलावा कई एंटी सबमरीन और माइंड टॉरपीडो जैसे हथियार भी मौजूद थे ।

अगर यूक्रेन के हमले का दावा सही है तो दूसरे विश्व युद्ध के बाद दुश्मन के हमले के बाद डूबने वाला ये सबसे बडा जंगी जहाज होगा । अगर ये हमला एक मिसाइल से किया गया है तो ये रूसी सर पे स्प्लिट के आधुनिकीकरन की क्षमताओं पर सवाल उठाता है कि क्या उसके पास पर्याप्त गोलाबारूद था या इसमें इंजीनियरिंग से जुडी खामियां थी क्योंकि तीन स्तरीय एनटीएल डिफेंस सिस्टम के बाद इस युद्धक जहाज पर हमला करना बेहद मुश्किल होता है

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